बच्चों के जाने के बाद पति के साथ मेरा संबंध बेहतर हो गया

Rajika Malhotra
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अचानक से मेरे जीवन में एक रिक्तता आ गई थी। मेरे बच्चों के पंख निकल आए और वे उड़ गए। मेरा घोंसला खाली रह गया। शुरूआत में मुझे दयनीय, अकेला और अवांछनीय महसूस हुआ, लेकिन कुछ समय बाद मुझे इसमें आनंद आने लगा। बच्चों के प्रति कोई द्वेश नहीं, मैं उन्हें हद से ज़्यादा प्यार करती हूँ। हालांकि, एक बार जब मेरे मुंह में खून लग गया, तो मुझे अहसास हुआ कि मुझे मेरा स्वयं का समय चाहिए।

भुले बिसरे चाव जैसे पढ़ना, संगीत, फिल्में देखना, पति और दोस्तों के साथ समय बिताना, वापस आ गए। बच्चों के चिल्लाए बिना ‘‘छी, आप ये देख रही हो!!’’ बेवॉच देखने का आनंद। और मैं अपनी सहेलियों के साथ कई कोलाहलपूर्ण शामों का आनंद लेने लगी। जब भी मुझे यात्रा का कीड़ा काटता है, मैं यात्राएं करती हूँ।

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मैं दखलंदाज़ी किए जाने के डर के बिना कभी अपने पति के साथ सहज नहीं हो सकती थी। अब तो मुझे बगैर किसी बाधा के उनसे खुलेआम लड़ने का भी सुख प्राप्त हो गया है। हमारी एक बहस हुई, जो झगड़े में बदल गई। मैं उनकी चीख से चीख, शब्द से शब्द मिलाते हुए अपने किरदार से ही बाहर हो गई। मैंने उनपर चीज़ें फैंक कर भी अपनी भड़ास निकाली। किसी को मनाने की कोई ज़रूरत नहीं, क्योंकि हम तलाक की ओर नहीं बढ़ रहे हैं। मैंने अपनी वीरता से अपने पति को हैरान कर दिया। हमेशा एक दूसरे के साथ अच्छा व्यवहार करने की कोई ज़रूरत नहीं। मैं साथ के लिए केवल टेलिविज़न के साथ भी भोजन का आनंद ले सकती हूँ। एक लंबे समय तक के लिए मुझे लगा कि मैं उनकी रूममेट हूँ।

अब हमारा संबंध अधिक स्वस्थ और मसालेदार लगता है। हर रात एक डेट की रात जैसी लगती है। ऐसा लगता है जैसे हम एक दूसरे की फिर से खोज करने की यात्रा पर हैं। कभी-कभी मुझे ऐसा लगता है कि अभी तो पार्टी शुरू हुई है। इन दिनों मेरा फ्रिज उन सभी जंक व्यंजनों से भरा होता है जो मुझे अच्छे लगते हैं। ‘‘जब मैं अपने आहार के बारे में गंभीर होता हूँ, तो आप मेरा साथ नहीं देती” जैसे आरोपों से मैं मुक्त हूँ। मुझे कभी अहसास नहीं हुआ कि बिग बॉस देखते हुए सीरियल का पूरा कटोरा ठूसने में मुझे इतनी खुशी होगी।

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बदलाव के लिए अब मैं अस्तव्यस्त हो सकती हूँ, साफ-सुथरी स्त्री होने की कोई ज़रूरत नहीं, उनके लिए हमेशा अच्छा उदाहरण स्थापित करने की अब कोई ज़रूरत नहीं। उनके खाली कमरे कई बार मुझे बहा ले जाते थे। मैंने एक कमरे में बहुत बड़े वॉक इन क्लोज़ेट की योजना बनाई और दूसरे को एक फंकी बार में बदल दिया।

मुझे गलत मत समझना, मेरे बच्चे मेरी दुनिया को रोशन करते हैं। लेकिन कौन कहता है कि आप एक खाली घोंसले में मज़ा और हंसी ठिठोली नहीं कर सकते। जैसा कि कहा जाता है, यह अंततः स्वयं पर ध्यान क्रेंदित करने का अवसर है।

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