क्या आप चरमोत्कर्ष के बारे में जानते हैं?

Sharmila Majumdar
Legs-in-BlacknWhite

यहां चरमोत्कर्ष के बारे में कुछ चीज़ें हैं जो शायद आप नहीं जानते

1. पुरूषों में यह ज़्यादा होता है। लगभग एक चौथाई पुरूष दिन में एक बार चरमोत्कर्ष होने का दावा करते हैं, जिसकी तुलना में स्त्रियों की संख्या सिर्फ 15 प्रतिशत है।

2. अवधि दोनों लिंगों में भिन्न होती हैः चरमोत्कर्ष की अवधि पुरूषों और स्त्रियों के लिए अलग-अलग होती है। स्त्रियों के लिए चरमोत्कर्ष औसतन 6 से 10 सेकंड के बीच रहता है। यदि स्त्री भाग्यशाली है तो यह 20 सेकंड तक हो सकता है। पुरूषों में, यह उनकी स्त्री साथी की तुलना में बहुत कम है। यह 4 से 5 सेकंड जितना अल्प समय है। पुरूषों के लिए इतना श्रेष्ठ संभोग तथ्य नहीं है, है ना?

3. कुछ स्त्रियां केवल निप्पल उत्तेजन से चरमोत्कर्ष प्राप्त कर सकती हैं। यह विशेष रूप से आश्चर्यजनक नहीं है अगर आप इस तथ्य को ध्यान में रखें की मस्तिष्क स्कैनिंग अध्ययनों से पता चला है कि निप्पल उत्तेजन मस्तिष्क के उसी क्षेत्र को सक्रिय करता है जिसे क्लिटोरिस और योनि सक्रिय करती हैं।

ये भी पढ़े: ये प्रश्न पूछने से सभी डरते हैं…

4. मूलभूत नियमः एक स्त्री के क्लिटोरिस और योनि के बीच की दूरी योनि संभोग के दौरान चरमोत्कर्ष की संभावना बताती है। अगर दूरी कम है (आमतौर पर अंगूठे की चौड़ाई से कम), तो उसके चरमोत्कर्ष तक पहुंचने की संभावना अधिक होती है क्योंकि गतिविधि के अधिक करीब होने से क्लिटोरिस को अधिक उत्तेजन प्राप्त होता है।

5. वैज्ञानिक रूप से यह देखा गया है कि कोटल संरेखण तकनीक, पेनाइल योनि संभोग के दौरान समकालिक चरमोत्कर्ष की कठिनाइयों को बढ़ा देती है।

6. औसतन, पुरूषों को चरमोत्कर्ष तक पहुंचने में लगभग 4 मिनट लगते हैं और स्त्रियों को लगभग 10-20 मिनट।

7. निरंतर चरमोत्कर्ष बेहतर स्वास्थ्य से संबद्ध है। यहां तक की, कुछ शोधों से यह भी पता चला है कि चरमोत्कर्ष, प्रतिरक्षा प्रणाली को भी बढ़ा सकता है।

8. चरमोत्कर्ष मस्तिष्क के उसी क्षेत्र को उत्तेजित करते हैं जो एक लतखोर व्यक्ति के मस्तिष्क में हेरोइन करती है, जो दृढतापूर्वक यह संकेत देता है कि सेक्स की भी लत लग सकती है।

9. एक व्यक्ति की बढ़ती उम्र के साथ चरमोत्कर्ष की अवधि कम होती जाती है।

ये भी पढ़े: स्त्रियाँ अब भी यह स्वीकार करने में शर्मिंदगी क्यों महसूस करती हैं कि वे हस्तमैथुन करती हैं

10. जो स्त्रियां अपने संबंध में कम सुरक्षित महसूस करती हैं, उनमें चरमोत्कर्ष की संभावना कम होती है।

11. लगभग 75 प्रतिशत स्त्रियों को क्लिटोरल उत्तेजन की आवश्यकता होती है और वे एकमात्र संभोग द्वारा चरमोत्कर्ष प्राप्त नहीं कर सकतीं।
इनमें से कितने तथ्य आपके लिए नए या हैरान करने वाले थे? नीचे गपशप में शामिल हो जाइए।

वह एक वस्तु जो मैं चाहता हूँ, लेकिन वह नहीं

जब बच्चों को छोड़ा तो पुरांना प्यार फिर से जागा

You May Also Like

Leave a Comment

Login/Register

Be a part of bonobology for free and get access to marvelous stories and information.