मसाला किस तरह शयनकक्ष में भी अच्छा है

Spices-on-Wood-Table

बातचीत इस प्रकार होती है।

“इसमें बड़ी बात क्या है? यह इसे मान क्यों नहीं सकती?’’

मेरा एक 42 वर्षीय विवाहित ग्राहक कहता है।

“क्या मान नहीं सकती?’’ मैं विवरण प्राप्त करने की कोशिश करती हूँ।

“देखिए डॉक्टर, जब हम बाहर खाना खाते हैं, तब कोई नहीं कहता कि हम अपने किचन के प्रति विश्वासघात कर रहे हैं।”

ये भी पढ़े: क्या एक संयुक्त परिवार में अंतरंग होना असहज है?

“क्या मैं किचन हूँ?’’ पत्नी चिल्लाती है।

“वह सिर्फ समानताएं चित्रित कर रहा है, हो सकता है वह सही नहीं हो, लेकिन उसे कहानी का अपना हिस्सा पूरा करने दो।” मैं पति की तरफ लौटते हुए पत्नी को शांत करती हूँ।

“ऐसा नहीं है कि मैं यह रोज़ाना करता हूँ। यहां तक कि कुछ स्थितियों में किचन अनुपलब्ध होने पर इसकी भी अनुमति दी जाती है।” समानांतर अब स्पष्ट है।

“अगर आप इसे बरदाश्त कर सकती ….” मैं अंतःक्षेप करने की कोशिश करती हूँ।

“हाँ। और जब घर का भोजन स्वादिष्ट ना हो, तो आप नियमित रूप से बाहर खाने लगते हैं।” वह अपनी बात को साबित करते हुए मेज पर हाथ ठोकता है।

पत्नी रोने लगती है।

“लेकिन पेट खराब होने का इलाज किया जा सकता है और एचआईवी का नहीं।” मैं उसे टीशू देते हुए कहती हूँ।

“तो…’’

ये भी पढ़े: ‘‘हम प्रेम में नहीं, वासना में लिप्त हैं” उसने कहा

“तो बेस्वाद भोजन खाना सीख लो। जैसा डॉक्टर कहते हैं।” पत्नी, बोलने के बाद फिर से टीशू लेती है।

पति मुझे इस तरह से घूरता है जैसे मैं भी विश्वासघाती हूँ। तुम भी ऐसी निकली?

वह तनाव और अनिद्रा के साथ आया था। यह 14 वर्षों के विवाह, 9 वर्ष के दो जुड़वा लड़कों, एक सफल लेकिन व्यस्त कैरियर और असफल यौन जीवन का इतिहास था।

असफल? क्या? दो बच्चों के साथ?

हाँ। क्योंकि सेक्स ना केवल प्रजनन बल्कि मनोरंजन के लिए भी होता है।

“इसे बता दो कि….मैं इसे अगली बार आपके पास लाउंगा।”

और वे वहां हैं।

उसकी स्त्री सहकर्मी के साथ विवाहेतर संबंध का भी इतिहास था। पत्नी को पता चलने के बाद उसने जारी रखने से इनकार किया, लेकिन वह निश्चित नहीं थी। पत्नी ने स्वीकार किया की जुड़वा बच्चों के पैदा होने के बाद पालन पोषण की ज़िम्मेदारी की वजह से ठहराव आ गया था। जब बच्चों ने दूसरे कमरे में सोना शुरू कर दिया तब उन्होंने वहां से शुरू करने की कोशिश की जहां छोड़ा था। लेकिन यह अहसास होने के बाद जल्द ही हार मान ली कि अब पहले जैसा कुछ नहीं रहा था।

तैयार लेकिन अनिच्छुक, पत्नी एक सेक्सी बाला बनने के लिए तैयार नहीं थी, वह निश्चित थी कि उसका पति अब यह चाहता है। उत्तेजित लेकिन संकोची, पति अपनी इच्छाएं स्पष्ट रूप से नहीं समझा पाता था और झगड़ पड़ता था या निराश हो जाता था।

“क्या….बस इतना ही? बेस्वाद खाना खाओ? यही है आपका समाधान डॉक्टर?’’ पति क्रोधित है।

ये भी पढ़े: सहवास के दौरान लड़की ने कहा रूको, फिर लड़के ने क्या किया?

“नहीं”, मैं एक गहरी सांस लेती हूँ। ‘‘समाधान घरेलू व्यंजनों को स्वादिष्ट बनाना है। ताकि दिन के अंत में आप घर का खाना खाने की राह देखें।”
“….और शायद सुबह या दोपहर में एक त्वरित नाश्ता।” मैं विराम लेती हूँ ताकि वे पूरी तरह समझ जाएं।

पहली बार हुआ कि उनमें से कोई भी कुछ नहीं बोला। मैं इसे समझाने के लिए एक संकेत के रूप में देखती हूँ। ‘‘देखिए, मैं आपके प्रेम प्रसंग या आपके यौन आवृत्तियों की आलोचना करने वाली कोई नहीं होती। जो आपके पास है, यदि आप दोनों उससे खुश हैं, तो मेरा यहां कोई काम नहीं है। लेकिन आप अप्रसन्न हैं, जो मैं देख सकती हूँ….’’

चुप्पी।

अच्छा है।

सेक्स काफी हद तक खाने की तरह है। हमारे पास मसाला है। लेकिन हम सभी थोड़ी विविधता चाहते हैं। हम जीवन भर एक ही चावल खा सकते हैं। लेकिन चावल को सैकड़ों प्रकार से पकाया जा सकता है। एक ही साथी के साथ, उसी बिस्तर पर, उसी प्रकार से सेक्स करना उबाऊ हो सकता है। घरेलू काम की तरह। भूख मर जाती है। और हम विधि के बजाए भोजन को दोष देने लगते हैं।

सेक्स काफी हद तक खाने की तरह है
सेक्स काफी हद तक खाने की तरह है

हम नुस्खा बदल सकते हैं।

स्वस्थ खाएं, शारीरिक गतिविधि करें, बाल कटवाएं या चटकीला रंग पहने।

छेड़ें, मसाज करें, सेक्सटिंग करें, कामुक बातें करें….सेक्स एक कार्य नहीं है, यह एक जीवनशैली है।

नई यौन तकनीकें जाने। मिशिनरी एकमात्र तरीका नहीं है।

ये भी पढ़े: विवाह के बाद पोर्न देखना ठीक क्यों है

स्थान बदल दें। शयनकक्ष से किचन, हॉल, डाइनिंग टेबल। जहां यह सुरक्षित और निजी हो।

वास्तव में स्थान बदल लें। छुट्टी लें।

और अपनी कल्पनाओं को निरंकुछ दौड़ने दें। कल्पनाएं आपको स्थान से मुक्त कर देंगी और आपके सपनों को स्थापित करेंगी। आपके भीतर के अभिनेता को जगाइये। रोल प्ले आपको अवरोधों को त्यागने और नया अनुभव प्राप्त करने में मदद कर सकता है।

सेक्स एक कार्य नहीं है, यह एक जीवनशैली है
सेक्स एक कार्य नहीं है, यह एक जीवनशैली है

यह सब एक ही रात में मत कर डालो। आप एक ही व्यंजन में सारे मसाले नहीं डाल सकते। धीरे चलें। एक समय पर एक चीज़। और जल्द ही आप अपनी उंगलियां चाट रहे होंगे, वास्तव में।

तो आज का स्वाद क्या है?

मीठा, खट्टा, गर्म या मसालेदार…?

Spread the love
Tags:

Leave a Comment

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

This website uses cookies to ensure you get the best experience on our website.