विवाह से बाहर किसी दोस्त में प्यार पाना

(पहचान सुरक्षित रखने के लिए नाम बदल दिए गए हैं)

जीवन अप्रत्याशित है और दुस्साहसी कामों से भरा पड़ा है जिसकी हम कभी उम्मीद भी नहीं करते।

यह सभी संबंधों के लिए एक रोलर कोस्टर की तरह है। लेकिन एक संबंध में बिताए अव्यक्त पल अंतिम क्षण तक हमारे साथ रहते हैं….

पिछले पाँच वर्षों में मैंने अपने पति के साथ कुछ भी असामान्य बात महसूस नहीं की। सब कुछ बिलकुल सही और शांतिपूर्ण था और मैं मानती थी कि वही मेरा भाग्य था। विवाह करना मुझे स्वर्ग की तरह लगा और मैं मानती थी कि मेरा पति ही वह सर्वश्रेष्ठ प्यार है जिसकी मुझे तलाश थी। मुझे लगा था कि यह प्यार है और हमेशा कायम रहेगा। लेकिन ज़िंदगी कई बार बेवकूफों की तरह बर्ताव करती है। मुझे लगता था कि यह सच्चा प्यार है जब तक कि मैं उस (पृथ्वी) से नहीं मिली थी। उसके साथ मुझे प्यार की आँहो का अहसास हुआ जो निश्चित तौर पर प्यार का सबसे शुद्ध रूप था और मुझे लगता है कि यह हमेशा मेरे साथ रहेगा। मुझे यकीन है कि आपमें से कई इसे अपनी स्वयं की यात्रा से भी जोड़ कर देख सकेंगे!

मेरी और पृथ्वी की कई वर्षों पुरानी सच्ची और खरी मित्रता एक भावुक प्रेम कहानी में बदल गई।
मेरी और पृथ्वी की कई वर्षों पुरानी सच्ची और खरी मित्रता एक भावुक प्रेम कहानी में बदल गई।

वह (पृथ्वी) एक आकर्षक और बुद्धिमान विवाहित पुरूष था। वह हमेशा से मेरा सबसे अच्छा दोस्त था। वह मेरे साथ मेरी कंपनी में काम करता था और निजी जीवन में भी हम मित्र थे। हमारी दोस्ती पागलों जैसी थी और लगभग हमेशा ही हमारी दोस्ती साहस और मस्ती के शिखर तक जा पहुँचती थी। वह एक रहस्यपूर्ण पुरूष था और उसके पास मुझे हँसाने के कई कारण थे। मेरी और पृथ्वी की कई वर्षों पुरानी सच्ची और खरी मित्रता एक भावुक प्रेम कहानी में बदल गई।

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मुझे टिमटिमाते तारों वाली पूर्णिमा की रात याद है! हम घंटों लंबी बातें करने और चाँद को शर्माता हुआ देखने के लिए छत पर बैठे थे।

फिर कुछ अप्रत्याशित घटित हुआ। उसकी आँखे अलग तरह से देखने लगीं और उसका स्पर्श बहुत संवेदी था। मैंने उसके द्वारा इस स्पर्श का अनुभव पहले कभी नहीं किया था। उसने मुझे पास खींच लिया, मेरे हाथ थाम लिए और मेरे माथे को चूमा।

मुझे लगा जैसे यह अनंत है, क्या यह प्यार है? या फिर यह सिर्फ एक साथ होने का जुनून है? या फिर हम दोनों एक दूसरे की ओर आकर्षित हो गए क्योंकि हम दोस्त थे!

उस रात ने हमें एक ऐसे अहसास की अनुभूति दी जिसका अनुभव हम दोनों में से किसी ने पहले नहीं किया था। उस क्षण में मैंने उस प्यार और जुनून को महसूस किया जो मित्रता की परत के नीचे हम दोनों की आत्माओं में अंकित था। वह एक ऐसा क्षण था जिसे घटित होना ही था, जिसने हमारे संबंध में बहुत सी अनकही बातें सामने लाकर रख दी। हमने अनछुए प्यार को महसूस किया!

वह रात गुज़र गई और हमारे लिए एक दूसरे का सामना करना मुश्किल था। हमने कुछ भी गलत नहीं किया था लेकिन हमारे बीच जो अज्ञात प्रेम उत्पन्न हुआ था उसके कारण हमारे लिए एक दूसरे का सामना करना मुश्किल हो रहा था। मैं अंदर ही अंदर मुस्कुरा रही थी, शर्मा रही थी और मैंने प्यार का ऐसा उत्साह महसूस किया जैसा पहले कभी नहीं किया था।

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कुछ दिनों तक हम दोनों काम में व्यस्त थे और बीच-बीच में अपने लिए समय निकाल लेते थे। लेकिन अब स्थितियाँ बदल चुकी थी, हम केवल दोस्त नहीं थे, जो संबंध अचानक हमारे सामने आ गया और हमारे दिलों में प्यार के जो फूल खिले थे, और उसे क्या नाम दिया जाए, इस बारे में साझा करने और बताने के लिए हमारे पास बहुत कुछ था!

वह पूरी दुनिया को चिल्ला-चिल्ला कर बताना चाहता था कि वह प्यार में है
वह पूरी दुनिया को चिल्ला-चिल्ला कर बताना चाहता था कि वह प्यार में है

लेकिन इसे स्वीकार करने का हमें कभी मौका नहीं मिला, या फिर जानबूझकर हम इससे बचते रहे। हाँ, उसकी आँखे बहुत कुछ बोलती थी, मेरे क्रियाकलापों ने सब कुछ कह दिया था, उसके मैसेज बताते थे कि उसे प्यार हो गया है! वह पूरी दुनिया को चिल्ला-चिल्ला कर बताना चाहता था कि वह प्यार में है, लेकिन हमारे वर्तमान जीवन ने हमें ऐसा करने से रोका। हमने अपने आप को रोकने की और वर्तमान जीवन को भंग ना करने की बहुत कोशिश की। लेकिन मन हमेशा प्यार में डूबा रहता था और ज़िंदगी के इस मोड़ पर उस विशेष व्यक्ति के मिलने का अहसास अद्भुत था।

महीने बीत गए, अब हम शायद ही कभी बात करते हैं या मिलते हैं। मैं अपने पारिवारिक मामलों में उलझी रहती हूँ और वह काम में व्यस्त रहता है। उसे मेरी याद आती है और मुझे उसकी, लेकिन सामाजिक कलंक, एक दूसरे के परिवारों के प्रति सम्मान और हमारे प्यार के कारण हम खुद को रोकते हैं।

हमारा रिश्ता वर्तमान जीवन के खालीपन को दूर किया करता था। अब हम संपर्क में नहीं हैं लेकिन मुझे उम्मीद है कि वह दिन आएगा जब हम सारी सीमाओं को मिटाते हुए पहले की तरह साथ हो सकेंगे और अपने रिश्ते को एक नाम दे पाएंगे। मैं अकेले बैठकर उसी के बारे में सोचती रहती हूँ क्योंकि मेरे पास अब सिर्फ यादें ही शेष हैं और मुझे लगता है कि पृथ्वी भी ऐसा ही करता होगा। हम अब एक दूसरे को देख नहीं पाते हैं लेकिन मैं दुबारा मिलने और हमारा अनकहा रिश्ता जो अब भी जीवित है, का एलान करने की आशा में जीती हूँ।

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